5G डेटा स्पीड का बना रिकॉर्ड, इस दिग्गज टेक कंपनी ने हासिल की 5.23GBps की टॉप स्पीड

स्मार्टफोन निर्माता कंपनी Samsung इलेक्ट्रॉनिक्स ने 5G डेटा के मामले में शानदार रिकॉर्ड बनाया है। कंपनी ने 3 मार्च को 5.23GBps डाउनलोडिंग स्पीड हासिल करने का कारनामा किया है। यह एक सिंगल डिवाइस की डाउनलोडिंग स्पीड है। Samsung कंपनी ने एक टेक्नोलॉजी की टेस्टिंग की है, जिसे E-UTRAN न्यू रेडियो ड्यूल कनेक्टिविटी (EN-DC) के नाम से जाना जाता है, जो कि 4G और 5G नेटवर्क का कॉम्बिनेशन है। इस कॉम्बिनेशन में डेटा स्पीड को बढ़ाने में मदद मिलती है।

LiveMint की रिपोर्ट के मुताबिक कंपनी ने 40MHz के 4G स्पेक्ट्रम और 800MHz के 5G मिलीमीटर वेब स्पेक्ट्रम को सफलतापूर्वक कंबाइंड किया गया है। कंपनी का दावा है कि इससे सिंगल टर्मिनल डिवाइस की डेटा स्पीड 5.23GBps पर पहुंच गई है। Samsung ने 5G डेटा स्पीड के प्रदर्शन के लिए अपने फ्लैगशिप स्मार्टफोन Samsung Galaxy S20+ का इस्तेमाल किया है, जो दोनों नेटवर्क 4G और 5G कनेक्टिविटी को सपोर्ट करती है। EN-DC टेक्नोलॉजी का मतलब है कि ऑपरेटर्स 4G और 5G बैंड पर अधिकतम नेटवर्क इफिशिएंसी के तौर पर ऑपरेट कर पाएंगे।

5G स्मार्टफोन की बिक्री में हुई बढ़ोतरी

स्मार्टफोन के विशेषज्ञों की मानें, तो साल 2020 में कई देशों में 5G का तेजी से विस्तार हुआ है। मोबाइल फोन ट्रैकर इंटरनेशनल डेटा कॉर्पोरेशन (IDC) की तिमाही की रिपोर्ट के मुताबिक भारत में करीब तीन मिलियन 5G स्मार्टफोन का शिपमेंट हुआ है। इस दौरान दुनियाभर में करीब 150 मिलियन यूनिट का शिपमेंट हुआ है। स्मार्टफोन मार्केट के जानकार की मानें, तो पिछले साल के मुकाबले इस साल स्मार्टफोन मार्केट में 1.7 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है। यह साल 2009 के बाद से पहला मौका है, जब स्मार्टफोन की सेल में गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि साल 2019 के मुकाबले साल 2020 में 5G स्मार्टफोन की बिक्री में ग्रोथ दर्ज की गई है।

ATTENTION : ड्राइविंग के दौरान इन गलतियों की वजह से कम हो जाता है माइलेज, आज ही जान लें

ऑटो डेस्क। कार चलाने के दौरान अगर आप लापरवाही बरतते हैं तो इसका नतीजा ये होता है कि आपकी कार का माइलेज धीरे-धीरे कम होने लगता है। दरअसल ड्राइविंग के दौरान आप कई बार कुछ गलतियां करते हैं जो माइलेज पर असर डालती हैं और आपकी कार ज्यादा फ्यूल कंज्यूम करने लगती है। ऐसे में आज हम आपको उन्हीं गलतियों के बारे में बताने जा रहे हैं जिन्हें कार ड्राइवर आम तौर पर दोहराते हैं जिससे माइलेज कम हो जाता है। इन गलतियों से बचकर माइलेज बढ़ाया जा सकता है।

फ्रीक्वेंट गियर शिफ्ट

अगर आप कार चलाते समय बेवजह ही गियर चेंज करते हैं या फिर कम स्पीड में ही टॉप गियर लगा देते हैं तो इससे माइलेज पर असर पड़ता है और इंजन ज्यादा फ्यूल का इस्तेमाल करता है। ऐसे में आपको सिर्फ जरूरत पड़ने पर ही कार का गियर चेंज करना चाहिए।

ओवर लोडिंग

कभी भी अपनी कार में कपैसिटी से ज्यादा सवारी नहीं बैठानी चाहिए। इससे इंजन पर काफी ज्यादा दबाव पड़ता है। ऐसे में इंजन अपनी पूरी क्षमता से काम करने के लिए ज्यादा फ्यूल का इस्तेमाल करता है और माइलेज अपने आप कम हो जाता है। हमेशा कार में कपैसिटी से ज्यादा लोगों को नहीं बैठाना चाहिए।

पावर मोड

कोशिश करें कि अर्बन रोड्स पर पावर मोड में अपनी कार ना चलाएं। इससे माइलेज अपने आप कम हो जाता है। अगर आप इकॉनमी मोड पर कार चलाते हैं तो इससे आप सुरक्षित तो रहते ही हैं साथ ही साथ आप कार का माइलेज भी बढ़ा सकते हैं। दरअसल लो स्पीड में कार चलाने से इंजन पर दबाव नहीं पड़ता है।

हैवी ब्रेकिंग

अगर आप कार में हैवी ब्रेकिंग करते हैं तो इससे इंजन पर प्रेशर पड़ता है जिससे काफी ज्यादा गर्म हो जाता है। अगर ऐसा बार बार किया जाए तो इससे माइलेज पर असर पड़ता है और आपको बार-बार फ्यूल भरवाना पड़ता है।

अंतरिक्ष में इसरो की एक और सफल उड़ान, 19 सैटेलाइट को लेकर PSLV-C51 की हुई लांचिंग; पीएम मोदी ने दी बधाई

भारत के ध्रुवीय उपग्रह प्रक्षेपण यान (PSLV) के जरिए रविवार को 19 उपग्रह अंतरिक्ष में भेजे गए। भारतीय रॉकेट PSLV-C51 को रविवार सुबह 10.24 मिनट पर आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा में स्थित सतीश धवन स्पेस सेंटर (SDSC) से एक लॉन्च पैड के सहारे रवाना किया गया।
इन सैटेलाइट्स में चेन्नई की स्पेस किड्ज इंडिया (SKI) का सतीश धवन ST (SD-ST) भी शामिल है। इस अंतरिक्ष यान के टॉप पैनल पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की फोटो उकेरी गई है। SKI के मुताबिक, इसके साथ एक एसडी कार्ड में सेव ‘भगवद गीता’ भी भेजी गई है।
इस रॉकेट से 637 किलो के ब्राजीलियाई उपग्रह अमेजोनिया-1 को सफलतापूर्वक कक्षा में स्थापित किया गया। इसके अलावा 18 अन्य सैटेलाइट्स भी अंतरिक्ष में भेजे गए। इनमें से 13 अमेरिका से हैं। 2021 में भारत का यह पहला अंतरिक्ष अभियान PSLV रॉकेट के लिए काफी लंबा रहा, क्योंकि इसके उड़ान की समय सीमा 1 घंटा 55 मिनट और 7 सेकेंड रही। रविवार सुबह रॉकेट की लॉन्चिंग के साथ ही भारत की तरफ से लॉन्च किए गए विदेशी सैटेलाइट की कुल संख्या 342 हो गई।

अमेजन क्षेत्र में वनों की कटाई पर नजर रखेगा
ISRO के मुताबिक, अमेजोनिया-1 उपग्रह की मदद से अमेजन क्षेत्र में वनों की कटाई और ब्राजील में कृषि क्षेत्र से संबंधित अलग-अलग विश्लेषणों के लिए यूजर्स को रिमोट सेंसिंग डेटा प्रदान कर मौजूदा संरचना को और भी मजबूत बनाने का काम किया जाएगा।

18 में से 3 सैटेलाइट्स भारतीय शैक्षणिक संस्थानों के संघ यूनिटीसैट्स से
18 अन्य सैटेलाइट्स में से चार इन-स्पेस से हैं। इनमें से तीन भारतीय शैक्षणिक संस्थानों के संघ यूनिटीसैट्स से हैं, जिनमें श्रीपेरंबदुर में स्थित जेप्पिआर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, नागपुर में स्थित जीएच रायसोनी कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग और कोयंबटूर में स्थित श्री शक्ति इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी शामिल हैं। एक का निर्माण सतीश धवन सैटेलाइट स्पेस किड्ज इंडिया द्वारा किया गया है और 14 एनएसआईएल से हैं।
भारत-ब्राजील के लिए गर्व की बात : सिवन
ISRO के अध्यक्ष के. सिवन ने कहा कि यह भारत और ब्राजील दोनों के लिए गर्व का विषय है। अमेजोनिया-1 को पूरी तरह से ब्राजील के वैज्ञानिकों ने बनाया और विकसित किया था। इसके लिए हम उन्हें बधाई देते हैं।

अब Facebook की तरह WhatsApp को भी कर सकेंगे Log Out, जानिए कैसे

नई दिल्ली। देश में सबसे ज्यादा इस्तेमाल किए जानें वाला ऐप Whatsapp की नई प्राइवेसी पॉलिसी का विरोध हो रहा हो लेकिन इस ऐप की लोगों की आदत सी पड़ गई है। ऐप में यूजर्स की सुविधा के लिए नए-नए फीचर्स दिए जाते हैं। वहीं जल्द ही व्हाट्सऐप में एक नया फीचर आने वाला है, जिसकी मदद से हमें व्हाट्सऐप पर आ रहे लगातार मैसेज से निजात मिल सकेगी। जी हां हम बात कर रहे हैं ऐप के नए लॉग आउट फीचर की। इस फीचर की लंबे समय से डिमांड थी। वहीं अब ये फीचर जल्द ही यूजर्स के लिए रोल आउट किया जा सकेगा।

दरअसल हम पर 24×7 लॉग इन रहते हैं, जिसकी वजह से हमें व्हाट्सऐप पर मैसेज आते ही रहते हैं। इससे बचने के दो ही रास्ते थे, या तो फोन का डाटा बंद रखें या फिर ऐप डिलीट कर दें। लेकिन अब यूजर्स व्हाट्सऐप को भी फेसबुक की तरह लॉग आउट कर सकेंगे और जब चाहें लॉग इन कर सकेंगे। इससे आपकी पर्सनल लाइफ भी सही रहेगी।

ऐपल और एंड्रॉयड यूजर्स कर सकेंगे इस्तेमाल


whatsapp का नया लॉग आउट फीचर मैसेंजर और बिजनेस दोनों ही वर्जन में दिया जाएगा। ऐपल और एंड्रॉयड यूजर्स दोनों इस फीचर का इस्तेमाल कर सकेंगे। हालांकि इस फीचर को लेकर अभी आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। लेकिन माना जा रहा है कि ये ऐप जल्द ही यूजर्स के लिए रोल आउट किया जा सकता है।

ब्रेकिंग : दुनिया की पहली फ्लाइंग कार को मिली मंजूरी… अगले साल तक आसमान सहित सड़कों पर भी आएगी नजर… जानिये खासियत और क्या होगी कीमत ?

नई दिल्ली। फ्लाइंग कार का सपना हकीकत की ओर एक कदम और करीब आ गया है। फ़ेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (Federal Aviation Administration) ने हाइब्रिड ग्राउंड-एयर व्हीकल (Hybrid Ground-Air Vehicle) को मंज़ूरी दे दी है, जो 100 मील प्रति घंटे की रफ़्तार से उड़ान भर सकती है।
टेराफुगिया ट्रांसिशन ने एजेंसी से एक विशेष लाइट-स्पोर्ट एयरक्राफ्ट एयरवर्थनेस प्रमाणपत्र (Special Light-Sport Aircraft Airworthiness Certificate) प्राप्त किया है, जिसका मतलब है कि इसे टेकऑफ़ के लिए इजाजत मिल गई है।
वैसे अभी तक इस वाहन का केवल उड़ान वाला वर्जन ही पायलटों और फ्लाइंग स्कूलों के लिए उपलब्ध है। इसके सड़क पर चलने वाले वर्जन को मार्किट में आने में अभी तकरीबन साल भर तक का समय लग सकता है। इस वाहन को अभी सड़क सुरक्षा मानकों के हिसाब से प्रमाण पत्र नहीं मिला है।

खासियत

100-hp रोटैक्स 912iS स्पोर्ट फ्यूल-इंजेक्टेड इंजन द्वारा संचालित यह वाहन, 100 मिली प्रति घंटे की अधिकतम गति से लगभग 644 किमी की रेंज में 10,000 फीट की ऊंचाई की उड़ान भर सकता है।
जानकारी के मुताबिक, टेराफुगिया ट्रांसिशन का वजन अंदाज़न 590 किलोग्राम है और इसमें फिक्स्ड लैंडिंग गियर दिया गया है। वहीं इसका विंगस्पैन 27 फुट चौड़ा है। साथ ही इसके पंखों को मोड़कर इसे आसानी से किसी सामान्य कार की तरह पार्क भी किया जा सकता है।

क्या होगी कीमत

न्यूज रिपोर्ट्स के हिसाब से ट्रांजिशन के 2-सीटर मॉडल की कीमत करीब 2 करोड़ 91 लाख रुपये थी। लेकिन, अब वर्ष 2022 में कंपनी अपनी हाइब्रिड ग्राउंड-एयर व्हीकल को लॉन्च करेगी जिसके बाद इसकी कीमत का खुलासा होगा।

Technology News : अब मार्केट में आया हवा से चार्ज होने वाला फोन, बिना व्यू के कर सकते हैं फोटोग्राफी

नई दिल्ली। चीनी स्मार्टफोन निर्माता कंपनी Xiaomi अक्सर कुछ नया करने के लिए जानी जाती है। Xiaomi की पहचान एक वक्त अफोर्डेबल स्मार्टफोन तक ही सीमित थी। लेकिन अब कंपनी अफोर्डेबल के साथ फ्लैगशिप स्मार्टफोन पेश कर रही है, जो 108MP के दमदार कैमरे के साथ आते है। वहीं पिछले काफी लंबे वक्त से Xiaomi कंपनी इंडस्ट्री लीडिंग इनोवेटिव स्मार्टफोन के निर्माण में काम कर रही है। इसकी एक झलक Xiaomi के कॉन्सेप्ट स्मार्टफोन में देखने को मिली है। Xiaomi की तरफ से एक खास तरह का कॉन्सेप्ट स्मार्टफोन पेश किया गया है, जो हवा में चार्ज हो सकेगा। इस फोन में चार्जिंग के लिए कोई भी पोर्ट नहीं दिया गया है। मतलब यह इंडस्ट्री की पहली पोर्ट फ्री डिवाइस है। यह फोन न सिर्फ वायरलेस चार्जिंग के साथ आता होगा, बल्कि Xiaomi का हालिया लॉन्च Mi Air Charge technology को सपोर्ट करता है। इस टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल से स्मार्टफोन को एक दूरी से चार्ज किया जा सकेगा।

फोन में मिलेगा खास तरह का डिस्प्ले

Xiaomi के नये कॉन्सेप्ट स्मार्टफोन में क्वाड कर्व्ड वॉटरफॉल डिस्प्ले (Quad-Curved Waterfall Display) दिया गया है। मतलब फोन के चारों तरह कर्व्ड डिस्प्ले दिया गया है। अभी तक स्मार्टफोन के ऊपरी और निचले हिस्से को छोड़कर बाकी दोनों तरह कर्व्ड डिस्प्ले दिया जाता था। ऐले में फोन चारों किनारों से वॉटरफॉल जैसा दिखाई पड़ता है। Xiaomi के मुताबिक हाइपर क्वाड-कर्व्ड 88 डिग्री सर्फेस’ को बनाना आसान नहीं था। इसे 800 डिग्री सेल्सियस के तापमान पर हॉट-बेंडिंग ग्लास का इस्तेमाल करके यह आकार दिया गया है।

अंडर डिस्प्ले कैमरे के साथ आएगा फोन

Xiaomi के कॉन्सेप्ट फोन में अंडर-डिस्प्ले कैमरा दिया गया है। मतलब डिस्प्ले में आपको विजिबल कैमरा कटआउट नजर नहीं आएगा। मतलब बिना कैमरा दिखे फ्रंट से फोटो क्लिक की जा सकेगी। साधारण शब्दों में कहें, तो नए फोन के आने से नॉच, डॉट और वी डिस्प्ले खत्म हो जाएगा। इसके अलावा फोन में ई-सिम, प्रेशर सेंसिटिव टच सेंसर, और बिल्ट-इन स्पीकर्स दिए गए हैं। हालांकि यह जानना जरूरी है कि यह एक कॉन्सेप्ट फोन है। Xiaomi की इस इनोवेटिव तकनीक का कमर्शियल इस्तेमाल नहीं किया गया है। ऐसे में यह फोन हकीकत का रुप ले सकेगा या नहीं, फिलहाल इस बारे में अभी से कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी।फोन में पीछे की तरफ रियर कैमरा सेटअप और एलईडी फ्लैश देखने को मिलती है। साथ ही Xiaomi की ब्रैडिंग भी दी गई है।

सुप्रीम कोर्ट ने WhatsApp और Google से मांगा जवाब, भारतीयों के UPI पेमेंट डेटा के गलत इस्तेमाल का है आरोप

सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को इंस्टैंट मैसेजिंग ऐप WhatsApp के UPI पेमेंट डेटा की सुरक्षा के मुद्दे पर जवाब मांगा है। कोर्ट ने कहा है कि WhatsApp सुनिश्चित करे कि वो RBI और NPCI के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए अपनी पैरेंट्स कंपनी Facebook या किसी थर्ड पार्टी के साथ यूनीफाइड पेमेंट इंटरफेस (UPI) प्लेटफॉर्म का डेटा साझा नहीं करेगी। जस्टिस एस ए बोबडे, जस्टिम ए एस बोपन्ना और जस्टिस वी रामसुब्रमण्यम ने कहा WhatsApp, Facebook, Google Pay, Amazon Pay और केंद्र सरकार इस मामले में जबाव दाखिल करें। कोर्ट ने मामले में सभी पक्षों को चार हफ्तों में जबाव दाखिल करने का निर्देश दिया है।
नियमों के उल्लंघन का है आरोप
कम्यूनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (CPI) से राज्यसभा सांसद बिनॉय विस्वम की ओर मामले में एक याचिका दाखिल की गई थी। याचिका में एक रेग्यूलेशन बनाने मांग की गई है, जिससे UPI पेमेंट प्लेटफॉर्म का गलत इस्तेमाल ना किया जा सके। विश्वम के मुताबिक RBI और NPCI UPI दिशा-निर्देशों के कथित उल्लंघन के बावजूद इन कंपनियों को UPI पेमेंट सर्विस की अनुमति कैसे दी जा सकती है। याचिका में गूगल, अमेजन, फेसबुक और व्हाट्सएप द्वारा भुगतान सेवाओं के संबंध में भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और भारत के राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) के लिए दिशा-निर्देश मांगे गए हैं ताकि डेटा के दुरुपयोग से बचाने के लिए नियमों का पालन किया जा सके।

WhatsApp को मिल चुकी है मंजूरी
बिनॉय विश्वम ने आरोप लगाया है कि गूगल, अमेजन, फेसबुक और व्हाट्सएप भारत में UPI पेमेंट सिस्टम का पालन नहीं कर रहे है, जिससे भारतीय नागरिकों के डेटा का गलत इस्तेमाल हो रहा है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की ओर से पेश सीनियर एडवोकेट वी गिरी के मुताबिक वो इस मामले में जवाब दाखिल कर चुके हैं। WhatsApp की तरफ से सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने कहा कि WhatsApp को सभी जरूरी मंजूरी मिल चुकी हैं।

New WhatsApp Privacy Policy: दिल्ली HC की अहम टिप्पणी ‘यह अपनी इच्छा है, ऐप डाउनलोड करना अनिवार्य नहीं’

दिल्ली हाई कोर्ट सोमवार को अहम सुनवाई के दौरान कहा कि कंपनी की नई गोपनीयता नीति पर चिंताओं के बीच व्हाट्सएप को डाउनलोड करना अनिवार्य नहीं है। कोर्ट ने याचिकाकर्ता से कहा कि मोबाइल फोन पर व्हाट्सएप डाउनलोड करना आपके लिए अनिवार्य नहीं है और यह स्वैच्छिक है। यदि आप व्हाट्सएप डाउनलोड नहीं करने का विकल्प चुनना चाहते हैं, तो आप कर सकते हैं। इसकी बाध्यता नहीं है।

इससे पहले पिछली सुनवाई के दौरान टिप्पणी करते हुए हाई कोर्ट ने कहा था कि अगर व्हाट्सऐप व्हाट्सऐप की नई पॉलिसी से किसी की निजता का हनन हो रहा है, तो सबसे आसान तरीका ये है कि व्हाट्सऐप को डिलीट किया जा सकता है। कोर्ट ने यह भी कहा था कि इसके विकल्प के के तौर पर ऐसे किसी दूसरे ऐप को इस्तेमाल किया जा सकता है।

बता दें पिछले दिनों वाट्सऐप की नई प्राइवेसी पॉलिसी को लेकर मचे बवाल के बीच फेसबुक कंपनी ने सफाई भी दी थी। यहां तककि तमाम समाचार पत्रकारों में विज्ञापन देकर लोगों का भ्रम दूर करने का प्रयास किया था। वहीं, बाद में फेसबुक ने कहा था कि वाट्सऐप के बारे में नई प्राइवेसी पॉलिसी को लेकर उपभोक्ताओं में गफलत है। इसके चलते इसे स्थगित किया जा रहा है। साथ ही फेसबुक की ओर से कहा गया था कि उपभोक्ता को नई प्राइवेसी पॉलिसी को समझने में ज्यादा समय मिल सकेगा।

पिछली सुनवाई में वाट्सऐप की नई निजता नीति के मामले में दिल्ली हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति संजीव सचदेवा की पीठ ने स्पष्ट करते हुए कहा था कि अगर किसी को नीति स्वीकार नहीं है तो वह दूसरा ऐप इस्तेमाल कर सकता है। पीठ ने कहा कई ऐसे ऐप है जो अपने ग्राहकों की जानकारी रखते हैं। सभी निजी ऐप हैं और ग्राहक चाहे तो उस का सदस्य बन सकता है या उसे छोड़ सकता है। यह ग्राहक की इच्छा पर निर्भर करता है।

इस दौरान पीठ ने याचिकाकर्ता अधिवक्ता चैतन्य रोहिल्ला से पूछा था कि आखिर आप चाहते क्या हैं। इसके जवाब में अधिवक्ता ने कहा कि वाट्सएप हमारे बारे में जानकारी इकट्ठा करता करता है और इसे वैश्विक स्तर पर साझा करता है। पीठ ने याची से पूछा कि क्या आपने दूसरे एप की शर्तों के बारे में पढ़ा है। आप पहले उसको पढ़ें और बताएं कि आप की मुश्किलें क्या है। उन्होंने कहा कि आप दूसरे ऐप के शर्तों को पढेंगे तो आपको पता चलेगा कि यह क्या-क्या शर्तें मनवाते हैं।

स्‍पेस एक्‍स ने बनाया नया रिकॉर्ड , एक साथ लॉन्‍च किए 144 सेटेलाइट्स

वाशिंगटन। अंतरिक्ष की दुनिया में नाम कमाने वाली कंपनी स्‍पेस एक्‍स ने इस क्षेत्र में एक नया रिकॉर्ड कायम किया है। कंपनी ने ये कारनामा अंतरिक्ष में एक साथ 143 स्‍पेसक्राफ्ट को लॉन्‍च कर किया है। कंपनी के सीईओ एलन मस्‍क के मुताबिक इससे पहले कभी भी इस तरह का कारनामा नहीं किया गया है। रविवार को इसके तहत फ्लोरिडा के पूर्वी तट स्थित कैप कैनवरल स्‍पेस फोर्स स्‍टेशन के स्‍पेस लॉन्‍च कांप्‍लेक्‍स 40 से कंपनी का फालकन रॉकेट करीब 10 बजे सुबह रवाना हुआ। इसमें 133 कमर्शियल और 10 स्‍टारलिंक सेटेलाइट को अंतरिक्ष में एक साथ पहुंचाया। आपको बता दें कि ये कंपनी के स्‍मालसेट राइडशेयर प्रोग्राम का हिस्‍सा था। इसका मकसद अंतरिक्ष के दरवाजों को छोटे सेटेलाइट ऑपरेटर्स के लिए खोलना है। कंपनी के मुताबिक ये काफी सस्‍ता है।

इस लॉन्‍च को हालांकि पहले एक दिन के लिए टालना पड़ा था। कंपनी ने ऐसा करने की वजह खराब मौसम बताया है। कंपनी के सीईओ और टेस्‍ला प्रमुख एलन मस्‍क ने 22 जनवरी को अपने ट्वीट में लिखा था कि कल एक बड़ी लॉन्चिंग होने वाली है जिसके तहत छोटे सेटेलाइट और छोटे कस्‍टमर को बड़ी ताकत दी जाएगी। उन्‍होंने कहा था कि वो इसके लिए काफी उत्‍साहित हैं क्‍योंकि कल अंतरिक्ष छोटी कंपनियों के लिए खुल जाएगा। आपको बता दें कि स्‍पेस एक्‍स इंटरनेट की क्षमता को बढ़ाने के मकसद से कई सेटेलाइट अंतरिक्ष में भेज चुका है। इस पर कंपनी ने करीब 10 बिलियन डॉलर का निवेश किया है। इससे कंपनी हर वर्ष 30 बिलियन डॉलर जेनेरेट करना चाहती है। स्‍टारशिप के मुताबिक मस्‍क के इंटरप्‍लेनेटरी रॉकेट प्रोग्राम के तहत इसमें काफी मदद मिलेगी।

इलेक्ट्रिक कार उद्योग को बजट से बड़ी सौगात की उम्मीद, चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने में प्रोत्साहन की दरकार

नई दिल्ली। केंद्र के कई मंत्री हाल के वर्षों में भारत को इलेक्ट्रिक कारों का हब बनाने की मंशा जता चुके हैं। सरकार के भीतर भी इस पर गहन चर्चा हुई है कि आगामी बजट में दुनिया के समक्ष भारत में इलेक्ट्रिक कारों को लेकर स्पष्ट खाका पेश किया जाए। इस बारे में ऑटोमोबाइल उद्योग के साथ-साथ इलेक्ट्रिक वाहनों पर सुझाव देने वाले नीति आयोग के विशेष समूह से वित्त मंत्रालय का गहन विमर्श हो चुका है।

नीति आयोग की तरफ से वित्त मंत्रालय को सौंपे गए सुझाव में कहा गया है कि नीतिगत प्रोत्साहन से भारत इलेक्ट्रिक कार बाजार में छोटी कारों के निर्माण जैसी कहानी दोहरा सकता है। भारत को दुनिया में छोटी कारों की राजधानी के तौर पर जाना जाता है।

वित्त मंत्रालय को यह बताया गया है कि चार दशक पहले जब अमेरिकी व यूरोपीय कार कंपनियां चीन में प्लांट लगा रही थीं, तब भारत उस मौके का फायदा उठाने से चूक गया था। लेकिन इलेक्ट्रिक कारों का मास प्रोडक्शन (बड़े पैमाने पर उत्पादन) अभी शुरू नहीं हुआ है और तकनीकी विकास का काम अभी जारी है। दूसरी तरफ, वैश्विक माहौल की वजह से चीन को लेकर कई तरह की शंकाएं भी हैं। ऐसे में भारत इलेक्ट्रिक वाहनों से जुड़ी कंपनियों के बीच अपनी पैठ बना सकता है।

सरकार में चल रहे मंथन के बारे में जानकारी रखने वाले एक अधिकारी के मुताबिक, बजट की घोषणाओं का मोटे तौर पर उद्देश्य यह होगा कि सिर्फ टेस्ला जैसी बड़ी कंपनियां ही भारत के प्रति आकर्षित न हों, बल्कि इस उद्योग से जुड़ी छोटी-बड़ी सब वैश्विक कंपनियां भारत को अपने कारोबार के केंद्र में रखने के लिए प्रोत्साहित हों। इसके लिए आत्मनिर्भर भारत की तहत ही कदम उठाया जाएगा, लेकिन इसका स्वरूप वैश्विक होगा।

SBI का Debit Card इस्‍तेमाल करने वाले ग्राहकों के लिए जरूरी खबर, ऐसे लेनदेन के लिए अनिवार्य होगा PAN Card लिंक कराना

अगर आप भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के ग्राहक हैं तो यह खबर आपके काम की है। देश के पब्लिक सेक्टर के सबसे बड़े बैंक ने ट्वीट कर अपने ग्राहकों से कहा है कि अगर उन्हें इंटरनेशनल ट्रांजैक्शन में दिक्कत पेश आ रही है तो फटाफट अपने पैन कार्ड से जुड़ा विवरण बैंक अकाउंट में अपडेट करा लें। बैंक ने अपने ऑफिशियल ट्विटर हैंडल से ट्वीट कर कहा है, ”अंतरराष्ट्रीय लेनदेन में परेशानी हो रही है? एसबीआई डेबिट कार्ड के जरिए बिना किसी दिक्कत के फॉरेन ट्रांजैक्शन के लिए अपना पैन डिटेल्स बैंक के रिकॉर्ड के साथ अपडेट करा लीजिए।”
इस ट्वीट के साथ बैंक ने एक फोटो भी अटैच की है। इस फोटो पर अंकित है कि एटीएम, पीओएस/ ई-कॉमर्स के जरिए इंटरनेशनल ट्रांजैक्शन के लिए अपने एसबीआई डेबिट कार्ड के इस्तेमाल के लिए कृपया अपने पैन विवरण बैंक में अपडेट करा लीजिए।

बैंकबाजार.कॉम के मुताबिक कोई भी एसबीआई ग्राहक ऑफलाइन या ऑनलाइन दोनों माध्यमों से एसबीआई अकाउंट के साथ पैन कार्ड लिंक करा सकता है। अकाउंट के साथ पैन को लिंक कराने के लिए http://www.onlinesbi.com पर जाकर ‘My Accounts’ ऑप्शन के नीचे Profile-Pan Registration पर क्लिक करना होगा।
इसके बाद आपके सामने एक नया पेज खुल जाएगा। नए पेज पर अपने अकाउंट नंबर को चुनें और उसके बाद पैन नंबर प्रविष्ट करें। इसके बाद सबमिट बटन पर क्लिक कर आप अपने अकाउंट नंबर में पैन नंबर लिंक करा सकते हैं।

जरूरी खबर: अगले महीने से इस बैंक के खाताधारक ATM से नहीं निकाल पाएंगे पैसे

साल 2021 तक देश में डिजिटल लेनदेन चार गुना तक बढ़ने की उम्मीद है। कोरोना काल में बैंकिंग फ्रॉड के मामले तेजी से बढ़े हैं। ग्राहकों को सुरक्षित बैंकिंग सुविधाएं प्रदान करने के लिए भारतीय बैंकों ने कई कदम उठाए हैं। बैंक समय-समय पर फ्रॉड पर लगाम लगाने के लिए दिशानिर्देश जारी करते रहते हैं। लेकिन तब भी जालसाज बैंक खातों से पैसों की निकासी कर ही लेते हैं। इसके मद्देनजर देश के दूसरे सबसे बड़े सरकारी बैंक पंजाब नेशनल बैंक (PNB) ने खाताधारकों को धोखाधड़ी से बचाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। अगर आपका भी पीएनबी में खाता है, तो यह आपके लिए जरूरी खबर है।

नॉन-ईएमवी एटीएम मशीनों से नहीं कर पाएंगे लेनदेन
अगले महीने यानी एक फरवरी 2021 से पीएनबी ग्राहक नॉन-ईएमवी एटीएम मशीनों से लेनदेन नहीं कर पाएंगे। यानी आप नॉन-ईवीएम मशीनों से पैसों की निकासी नहीं कर पाएंगे। हाल ही में पंजाब नेशनल बैंक ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडिल पर इसकी जानकारी दी थी।

PNB ने ट्वीट कर दी जानकारी
इस संदर्भ में पंजाब नेशनल बैंक ने ट्वीट करके बताया कि, ‘अपने ग्राहकों को धोखाधड़ी से बचाने के लिए PNB नॉन-ईएमवी एटीएम मशीनों से 01.02.2021 से लेनदेन (वित्तीय और गैर-वित्तीय) को प्रतिबंधित करेगा। गो-डिजिटल, गो-सेफ…!’

क्या होता है नॉन-ईएमवी एटीएम?
नॉन-ईएमवी एटीएम वह होते हैं, जिनमें लेनदेन के दौरान कार्ड नहीं रखा जाता है। इसमें मैग्नेटिक स्ट्रिप के जरिए डाटा को रीड किया जाता है। इसके अतिरिक्त ईएमवी एटीएम में कार्ड को कुछ सेकेंड्स के लिए लॉक हो जाता है।

ग्राहकों को दी थी PNBOne एप की सुविधा
इससे पहले पंजाब नेशनल बैंक ने अपने ग्राहकों को PNBOne एप के जरिए आप अपने एटीएम डेबिट कार्ड को ऑन या ऑफ करने की सुविधा दी थी। आप अपने कार्ड को इस्तेमाल नहीं करने पर उसे ‘ऑफ’ यानी बंद कर सकते हैं। इससे आपके बैंक खाते में जमा पैसा सुरक्षित रहेगा।

JIO कस्टमर्स के लिए खुशखबरी : Jio का 84 दिन वाला सबसे सस्ता प्लान, कीमत 329 रुपये

टेलीकॉम कंपनियों ने जब से नंबर चालू रखने के लिए भी रिचार्ज अनिवार्य किया है, तब से ऐसे लोगों की मुसीबतें काफी बढ़ गई है जिन्हें सिर्फ कॉलिंग की जरूरत रहती है। एयरटेल, जियो और वोडाफोन आइडिया के पास लंबी अवधि के प्लान तो हैं लेकिन इनकी कीमतें काफी ज्यादा हैं और इन प्लान के साथ डाटा भी काफी ज्यादा मिलता है। आज की इस रिपोर्ट में हम जियो के एक ऐसे प्लान के बारे में बात करेंगे जो उनके लिए किसी तोहफे से कम नहीं है जो सिर्फ अपने नंबर को कॉलिंग के लिए चालू रखना चाहते हैं।

यदि आपको डाटा की जरूरत नहीं है और सिर्फ अपने जियो नंबर से कॉल करना चाहते हैं तो जियो के पास 329 रुपये का एक प्री-पेड प्लान है जो कि आपके लिए बेस्ट है और सबसे सस्ता भी है। जियो का 329 रुपये वाला प्लान ऐसे लोगों के लिए ही है जो लंबी अवधि के लिए वैधता चाहते हैं।

इस प्लान में आपको 84 दिनों की वैधता मिलती है। यदि आपको अधिक डाटा चाहिए तो यह प्लान आपके लिए नहीं है, क्योंकि इसमें महज 6 जीबी डाटा ही मिलता है। कॉलिंग के लिए यह प्लान परफेक्ट है, क्योंकि इसमें 84 दिनों तक आपको अनलिमिटेड कॉलिंग मिलती है। इस प्लान में जियो के सभी एप्स के फ्री-सब्सक्रिप्शन और 1000 SMS मिलते हैं।

यदि आपको जियो का 329 रुपये वाला प्लान नहीं दिखता है तो आपको जियो की वेबसाइट या माय जियो एप में जाकर OTHERS सेक्शन को चेक करें। अदर्स में तीन प्लान हैं जिनमें से दूसरा प्लान यही है।

82% भारतीय WhatsApp छोड़ने को तैयार, 91% ने कहा- नहीं करेंगे व्हाट्सएप पे का इस्तेमाल

WhatsApp की नई पॉलिसी उसके लिए इतनी बड़ी मुसीबत बन जाएगी, ऐसे उसने शायद ही कभी सोचा होगा। WhatsApp की नई पॉलिसी के बाद काफी बवाल हुआ जिसके बाद कंपनी ने पॉलिसी को लागू करने की अवधि को अगले तीन महीने के लिए टाल दिया है। व्हाट्सएप की नई पॉलिसी से नाराज लाखों लोगों ने सिग्नल और टेलीग्राम जैसे एप्स को इस्तेमाल करना शुरू कर दिया, लेकिन इसी बीच सर्वे से बहुत ही बड़े सच का खुलासा हुआ है।

LocalCircles के सर्वे से हुआ बड़ा खुलासा
LocalCircles की एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि भारत के 82 फीसदी लोग नई पॉलिसी के साथ व्हाट्सएप इस्तेमाल नहीं करना चाहते हैं यानी महज 18 फीसदी लोग ही हैं जो नई पॉलिसी के लागू होने के बाद भी व्हाट्सएप को इस्तेमाल करने के लिए राजी हैं। सर्वे में कहा गया है कि 36 फीसदी लोग व्हाट्सएप का इस्तेमाल कम कर देंगे। लोकलसर्कल के इस सर्वं में 8,977 लोग शामिल थे, हालांकि भारत में व्हाट्सएप यूजर्स की संख्या 40 करोड़ से अधिक है। ऐसे में यह सर्वे महज एक अनुमान ही कहा जाएगा। सर्वे में शामिल 24 फीसदी लोगों ने कहा है कि वे अपने व्हाट्सएप ग्रुप को किसी अन्य प्लेटफॉर्म पर मूव करने की सोच रहे हैं। इस सर्वे में देश के 244 राज्यों से 24,000 जवाब शामिल हैं। सर्वे में शामिल 91 फीसदी लोगों ने कहा है वे व्हाट्सएप पे का इस्तेमाल नहीं करेंगे।

सात दिन में 35 फीसदी तक घटा व्हाट्सएप का डाउनलोड
व्हाट्सएप ने अपनी नई प्राइवेसी पॉलिसी को लेकर पहली बार अपने यूजर्स को नोटिफिकेशन भेजा था, लेकिन नई पॉलिसी उसके लिए बड़ी मुसीबत बन गई है। WhatsApp की नई पॉलिसी जारी होने के महज सात दिनों में भारत में उसका डाउनलोड्स 35 फीसदी तक कम हुआ है। इसके अलावा 40 लाख से अधिक यूजर्स ने सिग्नल (Signal) और टेलीग्राम (Telegram) एप को डाउनलोड किया है जिनमें 24 लाख डाउनलोड्स सिग्नल के और 16 लाख टेलीग्राम के हैं। व्हाट्सएप की लगातार सफाई देने के बाद भी लोग दूसरे एप पर तेजी से शिफ्ट हो रहे हैं।

72 घंटे में 2.5 करोड़ डाउनलोड्स
व्हाट्सएप की नई पॉलिसी से टेलीग्राम का कितना फायदा हुआ है इसका अंदाजा आप इसी बात से लगा सकते हैं कि महज 72 घंटे में टेलीग्राम पर 2.5 करोड़ नए यूजर्स रजिस्टर्ड हुए हैं। इसकी जानकारी खुद टेलीग्राम के फाउंडर पावेल दुरोव (Pavel Durov) ने दी है। दरोव ने बताया कि Telegram के पास जनवरी के पहले सप्ताह में मंथली एक्टिव यूजर्स की संख्या 50 करोड़ थी जो कि अगले सप्ताह महज 72 घंटे में 52.5 करोड़ हो गई।

पेटीएम, फोनपे और महिंद्रा जैसी कंपनियों ने किया बहिष्कार
महिंद्रा कंपनी समूह और टाटाग्रुप के चेयरमैन सहित पेटीएम और फोनपे जैसी कंपनियों ने भी व्हाट्सएप को अलविदा कह दिया है। कंपनी के काम भी धीरे-धीरे व्हाट्सएप पर शिफ्ट हो रहे हैं। बता दें कि भारत में व्हाट्सएप के 40 करोड़ से अधिक यूजर्स हैं जो कि किसी भी अन्य देश के मुकाबले कहीं ज्यादा हैं। ऐसे में उसकी कमाई भी भारत से सबसे अधिक होगी और इसीलिए उसने नई पॉलिसी बनाई है।

बड़ी खबर : WhatsApp ने लिया यू टर्न… लोगों की नाराजगी के बाद बदला प्राइवेसी अपडेट का प्लान… कही ये बड़ी बात… एक क्लिक में जाने पूरा मामला 

नई दिल्ली। प्राइवेसी पॉलिसी को लेकर दुनिया भर में फजीहत झेल रहे व्हाट्सएप ने अब यू टर्न ले लिया है। समाचार एजेंसी राॅयटर्स की खबर के मुताबिक व्हाट्सएप ने लोगों की नाराजगी को देखते हए अपने नए बिजनेस फीचर को फिलहाल के लिए टाल दिया है। फेसबुक के स्वामित्व वाली मेसेजिंग ऐप व्हाट्सएप ने अपना प्राइवेसी अपडेट प्लान फिलहाल स्थगित कर दिया है। व्हाट्सएप का कहना है कि इससे यूजर्स को पॉलिसी के बारे में जानने और उसकी समीक्षा करने के लिए ज्यादा वक्त मिलेगा। व्हाट्सएप ने बताया है कि उसने लोगों के बीच फैली गलत जानकारी से बढ़ती चिंताओं के कारण प्राइवेसी अपडेट को टालने का फैसला लिया।

आम लोगों के मतलब की बात करें तो प्राइवेसी पाॅलिसी (Privacy Policy) को न अपनाने पर अब 8 फरवरी को आपका व्हाट्सएप खाता बंद नहीं होगा। कंपनी ने ब्लॉग पोस्ट में कहा है कि 8 फरवरी को किसी का भी अकाउंट सस्पेंड या डिलीट नहीं होगा। हम फिलहाल इसे लागू करने की तारीख को आगे बढ़ा रहे हैं। इसके साथ ही हम व्हाट्सएप की प्राइवेसी और सुरक्षा आदि को लेकर फैली गलत जानकारी को लोगों के सामने स्पष्ट करने के लिए काम कर रहे हैं।

प्राइवेसी से जुड़ा नोटिफिकेशन आने के बाद से फजीहत झेल रहा व्हाट्सएप अखबारों और सोशल मीडिया आदि के जरिए पहले ही सफाई दे चुका है। व्हाट्सएप ने नई प्राइवेसी पॉलिसी को लेकर कहा है कि इससे दोस्तों और परिवार के लोगों के साथ होने वाली निजी चैटिंग प्रभावित नहीं होगी। व्हाट्सएप ने कहा था कि नई पॉलिसी सिर्फ बिजनेस अकाउंट के लिए है। व्हाट्सएप ने ट्वीट करते हुए कहा है कि यूजर्स के चैट पहले की तरह एंड.टू.एंड एंक्रिप्शन के साथ पूरी तरह से सुरक्षित हैं।

कंपनी ने की देरी

व्हाट्सएप मैसेजिंग ऐप पर वाणिज्यिक एक्सचेंजों की सुविधा देकर राजस्व उत्पन्न करने की योजना के लिए देरी, एक बड़ा झटका है। व्हाट्सएप ने अपने ब्लॉग में लिखा कि 8 फरवरी को किसी को भी अपना अकाउंट सस्पेंड या डिलीट नहीं करना होगा। व्हाट्सएप पर प्राइवेसी और सिक्योरिटी कैसे काम करती है, इसके बारे में गलत जानकारी को सही करने के लिए हम बहुत कुछ करने जा रहे हैं।

यह है पूरा मामला

व्हाट्सएप ने हाल ही में अपने यूजर्स को सेवा की शर्तों और गोपनीयता की नीति के बारे में अपडेट देना शुरू किया था। व्हाट्सएप ने इसमें बताया था कि वह कैसे उपयोक्ताओं के डेटा का प्रसंस्करण करती है और डेटा को फेसबुक के साथ किस तरह से साझा करती है। अपडेट में यह भी कहा गया कि व्हाट्सएप की सेवाओं का उपयोग जारी रखने के लिये उपयोक्ताओं को 8 फरवरी, 2021 तक नई शर्तों और नीति से सहमत होना होगा।

बंद हो गया डेली 1.5GB डेटा वाला Jio का ये शानदार रिचार्ज प्लान, जानिए पूरी डिटेल

Reliance Jio की तरफ से अपने एक शानदार रिचार्ज प्लान को बंद कर दिया गाय है। यह रिचार्ज प्लान Jio यूजर के लिए होगा, जो 153 रुपये में आता है। Jio के इस रिचार्ज प्लान में यूजर को 28 दिनों के लिए डेली बेसिस पर 1.5GB हाई स्पीड डेटा ऑफर किया जाता है। 153 रुपये वाले रिचार्ज प्लान को जुलाई 2017 में पेश किया गया था। इसके बाद इसे 49 रुपये के प्री-पेड प्लान की टक्कर में फरवरी 2018 में अपडेट किया गया था। इस रिचार्ज प्लान में अनलिमिटेड वॉयस कॉलिंग और 100SMS की सुविधा मिलती है, जो कि Jio Phone यूजर के लिए रोजाना स्तर पर मिलता है।

Jio के चार किफायती प्लान
Jio की तरफ से इंटरकनेक्ट यूसेज चार्जेज (IUC) के चलते लगाए गए ऑफ-नेट डोमेस्टिक वॉयस कॉल पर लगने वाले शुल्क के बाद Jio के 153 रुपये के प्री-पेड प्लान को बंद कर दिया गया है। 153 रुपये के प्री-पेड प्लान के बंद होने के बाद Jio फोन यूजर के पोर्टफोलियो में 185 रुपये, 155 रुपये, 125 रुपये और 75 रुपये के चार रिचार्ज प्लान बचेंगे। 75 रुपये के प्लान में 0.1GB डेटा प्रतिदिन दिया जाता है। वहीं 125 रुपये के प्लान में 0.5GB प्रतिदिन डेटा मिलेगा। 155 रुपये के प्लान में 1GB प्रतिदिन डेटा मिलेगा। 185 रुपये के प्लान में 2GB प्रतिदिन डेटा मिलेगा। ये चारों प्लान्स किसी भी नेटवर्क पर अनलिमिटेड वॉयस कॉलिंग सुविधा के साथ आते हैं। इनकी वैधता 28 दिन की है।

jio ने बंद किये चार रिचार्ज प्लान

jio का 155 रुपये वाला रिचार्ज प्लान कुछ हद तक 153 रुपये के रिचार्ज प्लान की तरह है। जिस पर रोजाना 1GB हाई स्पीड डेटा ऑफर किया जाता है। Reliance Jio ने हाल ही में अपने चार रिचार्ज प्लान को रिमूव किया है। यह प्लान नॉन Jio वॉयस कॉलिंग प्लान हैं। जो 99 रुपये, 153 रुपये, 297 रुपये और 594 रुपये में आते हैं। कंपनी के 99 रुपये, 297 रुपये, 594 रुपये के प्लान में jio ऑल इन वन प्लान की तरह नॉन जियो मिनट नहीं दिये गये हैं।

आधार कार्ड गुम हो गया क्या ? आधार कार्ड दोबारा पाने का सबसे आसान तरीका पढ़िए…

कई बार आधार कार्ड के खो जाने से हम मुसीबत में पड़ जाते हैं, क्योंकि इसके बिना कईं काम रुक जाते हैं। आधार कार्ड खो जाने पर उसके साथ रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर की जरूरत पड़ती है। यदि आपका आधार खो गया है और आपका रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर भी नहीं है तो नया आधार कार्ड कैसे निकलेगा? आइए हम आपको बताते हैं…यदि आपका आधार खो गया है और नामांकन पर्ची भी खो गई है, तो चिंता मत कीजिए। आप यूआईडीएआई की हेल्पलाइन 1947 पर कॉल करके अपनी ईआईडी प्राप्त कर सकते हैं। आप अपना ईआईडी या आधार नंबर ऑनलाइन भी प्राप्त कर सकते हैं। आइए जानते हैं कैसे।

सबसे पहले आप यूआईडीएआई की आधिकारिक वेबसाइट (https://resident.uidai.gov.in/) पर जाएं। अब रिट्रीव लॉस्ट यूआईडी-ईआईडी विकल्प पर क्लिक करें और इन दोनों विकल्पों में से किसी एक का चयन करें। इसके बाद अपना नाम, मोबाइल नंबर या ईमेल एड्रेस भरें। अब कैप्चा वेरिफिकेश पर एंटर करें। ओटीपी भेजें बटन पर क्लिक करें। ओटीपी प्राप्त करने के बाद, सत्यापन के लिए इसे दर्ज करें। वेरिफिकेशन के बाद, आधार नंबर या एनरोलमेंट आईडी आपके रजिस्टर्ड ईमेल आईडी या मोबाइल नंबर पर आ जाएगी।

घर बैठे लें अपॉइंटमेंट

आधार जारी करने वाली संस्था UIDAI आपको फ्री में ऑनलाइन अपॉइंटमेंट लेने की सुविधा देती है। यानी आप घर पर ही आधार कार्ड बनवाने के लिए सेवा केंद्रों पर की अपॉइंटमेंट ले सकते हैं। आइए जानते हैं कि आप कैसे अपॉइंटमेंट ले सकते हैं।

ऐसे लें अपॉइंटमेंट ऑनलाइन

अपॉइंटमेंट लेने के लिए आपको सबसे पहले UIDIA की वेबसाइट https://uidai.gov.in/ पर जाना होगा। वेबसाइट पर जाकर आपको ‘My Aadhaar’ टैब पर क्लिक करना होगा, जिसके बाद आपको बुक एन अपॉइंटमेंट का एक विकल्प मिलेगा। इसपर जाने के बाद आपको सिटी लोकेशन का एक और विकल्प मिलेगा, जिसमें से आपको शहर का चयन करना होगा।
शहर चुनने के बाद ‘प्रोसेस्ड टू बुक एन अपॉइंटमेंट’ पर क्लिक करें।

अब आपके समक्ष एक नया पेज खुलेगा, जिसमें तीन ऑप्शन होंगे- न्यू आधार, आधार अपडेट और मैनेज अपॉइंटमेंट। अपनी आवश्यकता के अनुसार आप इनमें से कोई विकल्प चुन सकते हैं।
उचित विकल्प चुनने के बाद आपको रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर, कैप्चा कोड और ओटीपी डालना होगा, जिसके बाद आपकी एप्लीकेशन वेरीफाई होगी। इस दौरान आपको अपॉइंटमेंट के लिए टाइम स्लॉट भी चुनना होगा। ये सब करने के बाद इसे सबमिट कर दें।

24 घंटे से पहले अपनी धुरी पर एक चक्कर पूरा कर रही है धरती ,, बदलाव सिर्फ एटॉमिक क्लॉक पर ही देखा जा सकता है.आ सकती है संचार व्यवस्था में दिक्कत

माहमारी ही नहीं बल्कि पृथ्वी पर और भी कई प्रकार के समस्याए आती हुई नजर आ रही है, अंतरिक्ष हलचल से आम जनता को ज्यादा समस्याएं नजर नहीं आती पर वैज्ञानिकों में यह बात हैरानी से भर रही है की, पृथ्वी की अपनी चक्कर पूरी करने की समय काफी बढ़ गयी है, अभी तक इसका कोई मूल कारण पता नहीं चला है,
धरती पिछले 50 सालों में किसी भी समय की तुलना में तेजी से घूम रही है. वैज्ञानिक अब इस बात परेशान है कि इसे कैसे मैनेज किया जाए. इस समय धरती सामान्य गति से तेज चल रही है. धरती 24 घंटे से पहले अपनी धुरी पर एक चक्कर पूरा कर रही है. धरती में ये बदलाव पिछले साल के मध्य में आया था,
अगर पर्यावरण की खबरों पर नजर डाला जाए तो धरती की हालत कुछ ख़ास नहीं है. अमेज़न जंगल का जलना, समुद्र की सबसे गहरी तह में प्लास्टिक में मिलना,व ऐसे कई तरह के पर्यावरण की स्थिति के बारे में अधिकतर लोगो का गंभीर ध्यान नहीं जाता है.
धरती कितनी तेजी से घूम रही हैं? इसका हमारे जीवन पर क्या असर होगा? धरती 24 घंटे में अपनी धुरी पर एक चक्कर लगाती है. लेकिन पिछले साल जून से लेकर अब तक धरती अपनी धुरी पर ज्यादा तेजी से घूम रही है. इसकी वजह से धरती पर मौजूद सभी देशों का समय बदल जाता है. साइंटिस्ट्स को अपनी-अपनी जगहों पर मौजूद एटॉमिक क्लॉक का समय बदलना पड़ेगा. यानी इस बार साइंटिस्ट्स को निगेटिव लीप सेकेंड अपनी-अपनी घड़ियों में जोड़ना पड़ेगा. साल 1970 से अब तक कुल मिलाकर 27 लीप सेकेंड जोड़े जा चुके हैं. पिछले कई दशकों से धरती 24 घंटे के समय से ज्यादा समय लेकर अपनी धुरी पर घूम रही थी

लेकिन पिछले साल जून से 24 घंटे से कम समय में एक चक्कर लगा रही है. धरती इस समय 24 घंटे में 0.5 मिलीसेकेंड कम समय लेकर घूम रही है. यानी हमारे 24 घंटे में 0.5 मिलीसेकेंड कम हो चुके हैं पिछले 50 सालों से धरती के घूमने का एकदम सही आकंड़ा निकाला जा रहा है. 24 घंटे में 86,400 सेकेंड्स होते हैं. यानी इतने सेकेंड में हमारी धरती एक चक्कर पूरा करती है. लेकिन पिछले साल जून से 86,400 सेकेंड में 0.5 मिलीसेकेंड की कमी आ गई है. 19 जुलाई 2020 का दिन 24 घंटे से 1.4602 मिलीसेकेंड कम था. 2020 से पहले सबसे छोटा दिन 2005 में था. लेकिन पिछले 12 महीनों में ये रिकॉर्ड कुल मिलाकर 28 बार टूटा है.

समय का यह बदलाव सिर्फ एटॉमिक क्लॉक पर ही देखा जा सकता है. लेकिन इसकी वजह से कई सारी दिक्कतें आ सकती हैं. हमारी संचार व्यवस्था में काफी दिक्कत आ सकती है. क्योंकि हमारे सैटेलाइट्स और संचार यंत्र सोलर टाइम के अनुसार सेट किया जाते है. ये समय तारों, चांद और सूरज के पोजिशन के अनुसार सेट की जाती है पेरिस स्थित इंटरनेशनल अर्थ रोटेशन सर्विस (International Earth Rotation Service) के वैज्ञानिक समय के साथ सामंजस्य बनाए रखने के लिए 70 के दशक से अब तक 27 लीप सेकेंड जोड़े जा चुके हैं. पिछली बार साल 2016 में लीप सेकेंड जोड़ा गया है. लेकिन अब इस बार लीप सेकेंड हटाने का समय आ गया है.

यानी निगेटिव लीप सेकेंड जोड़ना पड़ेगा नेशनल फिजिकल लेबोरेटरी के सीनियर रिसर्च साइंटिस्ट पीटर व्हिब्बर्ली ने कहा कि यह बात तो सही है कि धरती अपने तय समय से कम समय में एक चक्कर पूरा कर रही है. ऐसा पिछले 50 सालों में पहली बार हुआ है. ऐसा हो सकता है कि धरती पर रहे लोगों को समय के साथ चलने के लिए निगेटिव लीप सेकेंड जोड़ना पड़े

WhatsApp New Policy: नए नियमों को Accept नहीं किया तो डिलीट हो जाएगा अकाउंट

WhatsApp इस्तेमाल करते हैं तो आपके लिए एक जरूरी खबर आ गई है. फेसबुक ने WhatsApp यूजर्स के लिए नई Terms and Policy लागू करने का फैसला किया है. भारत में यूजर्स को 5 जनवरी से ही WhatsApp पर नई शर्तों को एक्सेप्ट करने के लिए नोटिफिकेशन आने लगे हैं. अगर आपने इसे अगले कुछ दिनों के भीतर एक्सेप्ट नहीं किया तो WhatsApp नहीं चला पाएंगे.

8 फरवरी है डेडलाइन

प्राप्त जानकारी के मुताबिक व्हाट्सप्प यूजर्स को मंगलवार देर शाम से ही नई पॉलिसी लागू होने के मैसेज आने लगे हैं. नई शर्तों को एक्सेप्ट करने या बाद में एक्सेप्ट करने का ही ऑप्शन दिया गया है. यानी इन्हें नहीं मानने का ऑप्शन नहीं है. अगर आप नई शर्तों को 8 फरवरी तक एक्सेप्ट नहीं करते हैं तो WhatsApp नहीं चला पाएंगे.

क्या है नई पॉलिसी

WhatsApp के नए नियम व शर्तों में कहा गया है कि अब आपके डेटा को फेसबुक (Facebook) और इंस्टाग्राम (Instagram) जैसे सोशल मीडिया के साथ ज्यादा इंटेग्रेट किया जाएगा. यानी अब WhatsApp का डेटा फेसबुक और इंस्टाग्राम में भी इस्तेमाल हो सकेगा.

WhatsApp इस्तेमाल कर सकता है आपका डेटा

आपको अब हमेशा ध्यान रखना होगा कि WhatsApp पर अपलोड किया जाने वाला हर फोटो या वीडियो अब इंटरनेट पर भी इस्तेमाल हो सकता है. नई शर्तों में साफ कहा गया है कि ‘हमारी सर्विसेज को ऑपरेट करने के लिए आप वॉट्सऐप को, जो कंटेंट आप अपलोड, सबमिट, स्टोर, सेंड या रिसीव करते हैं, उनको यूज, रिप्रोड्यूस, डिस्ट्रीब्यूट और डिस्प्ले करने के लिए दुनियाभर में, नॉन-एक्सक्लूसिव, रॉयल्टी फ्री, सब्लिसेंसेबल और ट्रांसफरेबल लाइसेंस देते हैं.’

Technology Update : धमाकेदार कैमरा क्वालिटी के साथ लॉन्च हुआ सैमसंग का यह फ़ोन ,जानें कीमत

Samsung Galaxy M02s स्मार्टफोन को नेपाल में लॉन्च कर दिया गया है। यह हैंडसेट भारत में 7 जनवरी को लॉन्च किया जाएगा, लेकिन भारत में लॉन्च से पहले इसे पड़ोसी देश में पेश कर दिया गया है। सैमसंग गैलेक्सी एम02एस फोन ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप से लैस है, जिसका प्राइमरी कैमरा 13 मेगापिक्सल का है। इसके अलावा इस फोन में 5,000 एमएएच की दमदार बैटरी दी गई है। सैमसंग गैलेक्सी एम02एस फोन क्वालकॉम स्नैपड्रैगन 450 प्रोसेसर और 5 मेगापिक्सल सेल्फी कैमरा से लैस है, जो कि वाटरड्रॉप-नॉच स्टाइल डिस्प्ले से लैस है।

Samsung Galaxy M02s price, availability

नए Samsung Galaxy M02s स्मार्टफोन के 4 जीबी रैम + 64 जीबी स्टोरेज मॉडल की प्राइस नेपाल में NPR 15,999 (लगभग 9,900 रुपये) है। इस फोन की सेल ऑनलाइन माध्यम से दराज़ पर शुरू हो चुकी है। कलर ऑप्शन की बात करें, तो यह स्मार्टफोन आपको ब्लैक, ब्लू और रेड कलर ऑप्शन में खरीद के लिए उपलब्ध होगा।

भारत में सैमसंग गैलेक्सी एम02एस स्मार्टफोन को 7 जनवरी को लॉन्च किया जाएगा। बताया जा रहा है कि स्मार्टफोन की कीमत भारत में 10,000 रुपये से कम होगी।

Samsung Galaxy M02s specifications

स्पेसिफिकेशन की बात करें, तो सैमसंग गैलेक्सी एम02एस स्मार्टफोन एंड्रॉयड 10 आधारित Samsung One UI ऑपरेटिंग सिस्टम पर काम करता है। इसमें 6.5 इंच (720×1,560 पिक्सल) टीएफटी वाटरड्रॉप-स्टाइल नॉच डिस्प्ले दिया गया है। यह फोन स्नैपड्रैगन 450 ऑक्टा-कोर प्रोसेसर से लैस है। इसके अलावा इसके साथ आपको Adreno 506 जीपीयू व 4 जीबी रैम और 64 जीबी इंटरनल स्टोरेज मिलेगी।